By Vijay
मध्य प्रदेश के भोपाल में दीपावली से पहले कई शहरों में सफाई कर्मी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए हैं। इसका असर भोपाल में लगातार दूसरे दिन भी देखने को मिला। बाजार और गली मोहल्ले और सड़कों के किनारे कचरे का ढेर लग गया है। कई जगह डस्टबिन भरने के बाद भी कचरा अब सड़कों पर फैलना शुरू हो गया है। कर्मचारियों ने अब शुक्रवार से अपनी सप्लाई बंद करने की भी चेतावनी दे दी है जिससे राजधानी में पेयजल संकट का खतरा बढ़ता नजर आ रहा है।
विदिशा जिले के सिरोज में सफाई व्यवस्था प्रभावित होने पर विधायक उमाकांत शर्मा बुधवार की रात स्वयं सड़क पर उतर आए और उन्होंने तकरीबन दो घंटे तक झाड़ू लगाकर सफाई की है।
शिवपुरी में नगर पालिका के करीब 350 सफाई कर्मचारी हड़ताल पर चले गए हैं जिससे शहर की सफाई व्यवस्था प्रभावित हो रही है। इन दिनों दीपावली और धनतेरस त्योहार नजदीक होने के कारण बाजार और सड़कों पर भीड़-भाड़ के बीच जगह-जगह कचरे के ढेर लगने से खरीददारों को दुर्गंध का सामना करना पड़ रहा है।
कर्मचारियों ने नियमितीकरण, वेतन वृद्धि और ठेका प्रथा खत्म करने समेत अन्य मांगों को लेकर काम बंद कर दिया है ।
अगर इसी तरह हड़ताल लंबी खींची चली जाती है तो त्योहार के दौरान सफाई व्यवस्था और बिगड़ सकता है। हड़ताल से पहले सफाईकर्मियों ने भोपाल में मंगलवार को प्रदर्शन किया था। वह मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपना चाहते थे। लेकिन उनके मुताबिक कोई भी जिम्मेदार अधिकारी ज्ञापन लेने नहीं पहुंचा, जिससे नाराज सफाईकर्मी ने मुख्यमंत्री निवास का घेराव करने की योजना बनाई है।
पुलिस ने जहांगीराबाद चौराहे पर बैरिकेडिंग लगाकर उन्हें रोकने का प्रयास किया। जिसके विरोध में कर्मचारी करीब दो घंटे तक लगातार सड़क पर बैठे नजर आए।